Ghansyam Sharma / Tue, Apr 7, 2026 / Post views : 170
रायपुर। पत्रिका लुक
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात कर बस्तर के समग्र विकास का विस्तृत ब्लूप्रिंट प्रस्तुत किया। इस दौरान उन्होंने नक्सलवाद के समाप्त होने के बाद स्थापित शांति के लिए आभार जताया और मानसून के बाद बस्तर दौरे का आमंत्रण भी दिया, जहां कई बड़ी परियोजनाओं के शिलान्यास और लोकार्पण की योजना है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि बस्तर में अब शांति का माहौल है और विकास कार्यों को गति दी जा रही है। शिक्षा व स्वास्थ्य के क्षेत्र में एजुकेशन सिटी, सुपर स्पेशलिटी अस्पताल और मेडिकल कॉलेज स्थापित किए जा रहे हैं। वहीं इंद्रावती नदी पर बैराज निर्माण, नई रेल लाइन और एयरपोर्ट विस्तार से कनेक्टिविटी मजबूत होगी।

यह विकास योजना ‘सैचुरेशन, कनेक्ट, फैसिलिटेट, एम्पावर और एंगेज’ रणनीति पर आधारित है। इसके तहत प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अधूरे कार्य 2027 तक पूरे करने के साथ 228 नई सड़कों और 267 पुलों के निर्माण का प्रस्ताव है। साथ ही 61 परियोजनाओं के लिए विशेष केंद्रीय सहायता की मांग की गई है।
ऊर्जा और आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के लिए हर घर बिजली पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। शिक्षा के क्षेत्र में 45 पोटा केबिन स्कूलों को स्थायी भवनों में बदला जाएगा। युवाओं के लिए 15 स्टेडियम और 2 मल्टीपर्पज हॉल बनाए जाएंगे, जबकि स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को सशक्त किया जा रहा है।
कृषि और सिंचाई के क्षेत्र में इंद्रावती नदी पर देउरगांव और मटनार परियोजनाओं से 31,840 हेक्टेयर भूमि को लाभ मिलेगा। वहीं 2029 तक 85% परिवारों की आय 30 हजार रुपये मासिक तक बढ़ाने का लक्ष्य तय किया गया है।
पर्यटन के क्षेत्र में चित्रकोट, तीरथगढ़ जलप्रपात और कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान का विकास किया जा रहा है। ‘बस्तर मुन्ने’ कार्यक्रम के तहत ग्राम पंचायत स्तर पर शिविर लगाकर लोगों को योजनाओं का सीधा लाभ दिया जाएगा, जिससे बस्तर में विकास की नई दिशा स्थापित होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन