Sat, 23 May 2026
Breaking News
जनता के मुद्दों से भटकी राजनीति पर सीपीआई का हमला : महंगाई, बेरोजगारी और ईंधन संकट पर ठोस कार्रवाई की मांग | 03 साल बाद फिर सजा “बंधा मतौर" : बरकई में जीवंत हुई सदियों पुरानी परंपरा,हजारों ग्रामीण उतरे तालाब में | राहुल गांधी के बयान पर भाजयुमो का विरोध प्रदर्शन : कोण्डागांव में भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने फूंका राहुल गांधी और दीपक बैज का पुतला | 03 साल बाद फिर होगा बंधा मतौर कार्यक्रम : अनोखी परंपरा: में उतरकर करेंगे मछली का शिकार | उसूर ब्लॉक देश में दूसरे स्थान पर : नीति आयोग की चैंपियंस ऑफ द क्वार्टर रिपोर्ट में बीजापुर के उसूर ब्लॉक ने बढ़ाया छत्तीसगढ़ का मान | पेट्रोल-डीजल संकट पर कांग्रेस का प्रदर्शन : बैलगाड़ी में स्कूटी रखकर कांग्रेस ने जताया विरोध, बढ़ती कीमतों और किल्लत पर सरकार को घेरा | बोलबोला में 8 लाख के कार्यों का भूमिपूजन : विधायक लता उसेण्डी ने रंगमंच और सीसी सड़क निर्माण कार्य का किया शुभारंभ | कलेक्टर जनदर्शन में मिली राहत, व्यवस्था पर भी उठे सवाल : दो दिन में बना मृत्यु प्रमाण पत्र, लेकिन सवाल यह कि आम जनता को इसके लिए कलेक्टर तक क्यों पहुंचना पड़ा | डॉ. रमन सिंह से मिले वित्त मंत्री ओपी चौधरी : राजनांदगांव में सौजन्य मुलाकात, विकास और सुशासन के मुद्दों पर हुई चर्चा | छत्तीसगढ़ में बढ़ी मत्स्य उत्पादन की रफ्तार : मछली पालन से मजबूत हो रही ग्रामीण अर्थव्यवस्था, देश में छठवें स्थान पर पहुंचा छत्तीसगढ़ | जनता के मुद्दों से भटकी राजनीति पर सीपीआई का हमला : महंगाई, बेरोजगारी और ईंधन संकट पर ठोस कार्रवाई की मांग | 03 साल बाद फिर सजा “बंधा मतौर" : बरकई में जीवंत हुई सदियों पुरानी परंपरा,हजारों ग्रामीण उतरे तालाब में | राहुल गांधी के बयान पर भाजयुमो का विरोध प्रदर्शन : कोण्डागांव में भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने फूंका राहुल गांधी और दीपक बैज का पुतला | 03 साल बाद फिर होगा बंधा मतौर कार्यक्रम : अनोखी परंपरा: में उतरकर करेंगे मछली का शिकार | उसूर ब्लॉक देश में दूसरे स्थान पर : नीति आयोग की चैंपियंस ऑफ द क्वार्टर रिपोर्ट में बीजापुर के उसूर ब्लॉक ने बढ़ाया छत्तीसगढ़ का मान | पेट्रोल-डीजल संकट पर कांग्रेस का प्रदर्शन : बैलगाड़ी में स्कूटी रखकर कांग्रेस ने जताया विरोध, बढ़ती कीमतों और किल्लत पर सरकार को घेरा | बोलबोला में 8 लाख के कार्यों का भूमिपूजन : विधायक लता उसेण्डी ने रंगमंच और सीसी सड़क निर्माण कार्य का किया शुभारंभ | कलेक्टर जनदर्शन में मिली राहत, व्यवस्था पर भी उठे सवाल : दो दिन में बना मृत्यु प्रमाण पत्र, लेकिन सवाल यह कि आम जनता को इसके लिए कलेक्टर तक क्यों पहुंचना पड़ा | डॉ. रमन सिंह से मिले वित्त मंत्री ओपी चौधरी : राजनांदगांव में सौजन्य मुलाकात, विकास और सुशासन के मुद्दों पर हुई चर्चा | छत्तीसगढ़ में बढ़ी मत्स्य उत्पादन की रफ्तार : मछली पालन से मजबूत हो रही ग्रामीण अर्थव्यवस्था, देश में छठवें स्थान पर पहुंचा छत्तीसगढ़ | जनता के मुद्दों से भटकी राजनीति पर सीपीआई का हमला : महंगाई, बेरोजगारी और ईंधन संकट पर ठोस कार्रवाई की मांग | 03 साल बाद फिर सजा “बंधा मतौर" : बरकई में जीवंत हुई सदियों पुरानी परंपरा,हजारों ग्रामीण उतरे तालाब में | राहुल गांधी के बयान पर भाजयुमो का विरोध प्रदर्शन : कोण्डागांव में भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने फूंका राहुल गांधी और दीपक बैज का पुतला | 03 साल बाद फिर होगा बंधा मतौर कार्यक्रम : अनोखी परंपरा: में उतरकर करेंगे मछली का शिकार | उसूर ब्लॉक देश में दूसरे स्थान पर : नीति आयोग की चैंपियंस ऑफ द क्वार्टर रिपोर्ट में बीजापुर के उसूर ब्लॉक ने बढ़ाया छत्तीसगढ़ का मान | पेट्रोल-डीजल संकट पर कांग्रेस का प्रदर्शन : बैलगाड़ी में स्कूटी रखकर कांग्रेस ने जताया विरोध, बढ़ती कीमतों और किल्लत पर सरकार को घेरा | बोलबोला में 8 लाख के कार्यों का भूमिपूजन : विधायक लता उसेण्डी ने रंगमंच और सीसी सड़क निर्माण कार्य का किया शुभारंभ | कलेक्टर जनदर्शन में मिली राहत, व्यवस्था पर भी उठे सवाल : दो दिन में बना मृत्यु प्रमाण पत्र, लेकिन सवाल यह कि आम जनता को इसके लिए कलेक्टर तक क्यों पहुंचना पड़ा | डॉ. रमन सिंह से मिले वित्त मंत्री ओपी चौधरी : राजनांदगांव में सौजन्य मुलाकात, विकास और सुशासन के मुद्दों पर हुई चर्चा | छत्तीसगढ़ में बढ़ी मत्स्य उत्पादन की रफ्तार : मछली पालन से मजबूत हो रही ग्रामीण अर्थव्यवस्था, देश में छठवें स्थान पर पहुंचा छत्तीसगढ़ |

03 साल बाद फिर सजा “बंधा मतौर" : बरकई में जीवंत हुई सदियों पुरानी परंपरा,हजारों ग्रामीण उतरे तालाब में

Ghansyam Sharma / Sat, May 23, 2026 / Post views : 54

Share:

कोण्डागांव। पत्रिका लुक

बस्तर संभाग की लोक संस्कृति और पारंपरिक उत्सवों की अलग पहचान है। इसी कड़ी में कोण्डागांव जिले के ग्राम बरकई में तीन वर्ष बाद “बंधा मतौर” आयोजन किया गया, जहां हजारों ग्रामीण तालाब में उतरकर पारंपरिक तरीके से मछली पकड़ते नजर आए। ढोल-नगाड़ों की गूंज और देवी-देवताओं की पूजा-अर्चना के बीच शुरू हुआ यह आयोजन ग्रामीण एकता और बस्तर की जीवंत संस्कृति की अनूठी मिसाल बना रहा।

जानकारी के अनुसार, दशकों पहले गांव के तत्कालीन मालगुजारों ने ग्रामीणों के श्रमदान से बड़े तालाब का निर्माण कराया था। तभी से यह परंपरा शुरू हुई कि हर तीन वर्ष में तालाब की मछलियां गांववासियों को सामूहिक रूप से दी जाएंगी। आयोजन के दिन गांव के लोग मालगुजार को बाजे-गाजे के साथ तालाब तक लेकर पहुंचे, जहां पूजा-अर्चना के बाद कार्यक्रम की शुरुआत हुई।

ग्राम देवी की पूजा के बाद जैसे ही ढोल-नगाड़ों की थाप गूंजी, तालाब की मछलियां पानी में उछलती दिखाई देने लगीं। इसे ग्रामीण इस आयोजन का सबसे खास धार्मिक क्षण मानते हैं। इसके बाद हजारों लोग जाल लेकर तालाब में उतर पड़े और मछली पकड़ने लगे। आयोजन में शामिल होने के लिए प्रति जाल 200 रुपये शुल्क भी लिया गया।

स्थानीय लोगों का कहना है कि बरकई बस्तर का एकमात्र ऐसा गांव है, जहां “बंधा मतौर” की यह परंपरा आज भी जीवंत है। आयोजन समिति ने बताया कि आने वाले वर्षों में इस सांस्कृतिक उत्सव को और अधिक भव्य रूप दिया जाएगा।

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement